Spiritual Oneness or Wholeness आध्यात्मिक यात्रा में आगे बढ़ना है तो जान ले इन बातो को

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Spiritual path पर जैसे जैसे हम आगे बढ़ते है वैसे वैसे हम एकभाव को महसूस करना शुरू कर देते है. इसे हम Oneness, wholeness, non-dual awareness, unity के नाम से जानते है क्यों की जितना ज्यादा हम spiritual practice में उतरते है उतना ही हम सबको एक भाव से देखना शुरू कर देते है. Spiritual Oneness एक ऐसी अवस्था है जिसमे हम अहम् भाव से मुक्त हो जाते है और भेदभाव से परे हो जाते है.

सुनने में ये जितना रोचक लगता है उतना ही ये confuse करने वाला है. इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता है की आपकी उम्र, जेंडर या फिर अनुभव क्या है. इस article में हम जानने वाले है आध्यात्मिक एकाकार भाव के बारे में जिसका कोई quick fix solutions तो नहीं है लेकिन सही जानकारी के साथ अनुभव किया जा सकता है.

What is Spiritual Oneness

जिन लोगो ने भी आध्यात्मिक यात्रा की शुरुआत करने की कोशिश की है उन्हें Dark shadow work का सामना करना पड़ा है. ये एक ऐसी स्थिति है जिसमे हमें  अपनी दबी हुई भावनाओ से सामना करना पड़ता है. जब तक हम अपनी दबी हुई भावनाओ का सामना नहीं कर लेते है तब तक संभव नहीं है की Inner peace को achieve कर सके. आइये जानते है Spiritual practice के दौरान Wholeness की स्थिति को प्राप्त कैसे करे.

What is Spiritual Oneness or Wholeness?

वास्तव में Oneness एक अनुभव है जो mind state के रूप में समझा जा सकता है. जब ये state आती है तब हम सबके साथ खुद का एक connection feel करते है और ये हर लेवल पर होता है. दूसरे शब्दों में कहे तो हमें सबके साथ एक जुडाव महसूस होता है. Wholeness एक अहसास है जिसमे हम fullness, vastness, and completion को महसूस करते है.

ये हमारी True nature को दर्शाता है जो होनी चाहिए. ये वो अवस्था है जिसमे हमारा ईगो नहीं होता है.

इसका अनुभव इतना मुश्किल क्यों है ?

Oneness and wholeness को experience करना बेहद difficult and rare बन जाता है खासकर तब जब हमारा खुद का माइंड ऐसा नहीं करना चाहता हो. हालाँकि plan, imagine, create, structure and logically understand life को लेकर हमारा brain हमारी हेल्प करता है लेकिन इसी के साथ वो हमारे अस्तित्व को लेकर उलझा हुआ भी रहता है.

जब लाइफ कई तरह के thoughts, concepts, ideas, and beliefs में फंसकर रह जाती है तब हम कुछ नहीं कर पाते है. जब तक हम टूटे हुए लेंस को लेकर लाइफ को समझने की कोशिश करते रहेंगे Spiritual Oneness of everything को कभी experience नहीं कर सकते है.

जब तक हम टूटे हुए लेंस ( हमारा नजरिया ) को ठीक नहीं करते हम isolated and separate little entities की तरह दुनिया को देखते रहते है और खुद को Black and white world का हिस्सा मानते रहते है.

इसकी सबसे बड़ी वजह खुद को Thoughts and limited mental reality में कैद कर लेना है. हम मान लेते है की हम सिमित है जबकि हमारा Subconscious mind इससे कही ऊपर है. इसकी वजह से हम खुद को प्रकृति से दूर कर लेते है.

Oneness and wholeness are not “special” experiences

हकीकत में ऐसा होना natural and normal states को दर्शाता है लेकिन अगर बात करे perspective of the mind की तो ऐसा होना excited experience होता है क्यों की ये एक rare state है. लाइफ को, जीने के तरीके को इन सबको हमारा brain control cum dominate करता है. अगर लाइफ को समझना है और खुद को सेफ बनाए रखना है तो हमें Good and bad things में फर्क करना आना चाहिए.

लाइफ को good/bad and right/wrong में बाँटना एक तरह से हमें survive करने में मदद करता है. अगर हमें सही गलत का फर्क पता नहीं होगा तो हम बच्चो को चाकू से खेलने देंगे जो उनके लिए खतरनाक हो सकता है. हमारा झुकाव हमेशा Good things पर ही होता है तो ऐसे में क्या सही है क्या नहीं ऐसी स्थिति का चुनाव करना हमारे लिए सही रहता है.

खुद को लिमिटेड बना लेने से क्या होता है

जब हम खुद को सीमाओं से बांध लेते है तो खुद को अच्छा feel नहीं करवा पाते है, अधूरा महसूस करने लगते है. ऐसी स्थिति में insecure, anxious, lonely, depressed जैसी feeling आने लगती है जिनकी वजह से Suicidal attempt जैसी condition पैदा हो जाती है. खुद को हम कभी सही साबित नहीं कर पाते है और एक कमी हमें अन्दर से खलने लगती है.

ऐसी स्थिति से बाहर निकलने के लिए Integration बेहद जरुरी है. ये एक ऐसी स्थिति है जिसमे हम सब चीजो को आपस में जोड़कर देखते है. इस प्रक्रिया में हम खुद को इस तरह unite करते है की जिन कमियों से हम लम्बे समय से जूझ रहे थे वो दूर हो जाती है. यहाँ पर Integration ही Spiritual Oneness and wholeness की state होती है.

एक भाव आज भी हमारे लिए एक अनजाना टॉपिक है क्यों की हम दुनिया को fragmented lens of the mind के preview से देख रहे है. हमारा mind ही है जो whole concept of an inner and outer world को बनाता है और बिगाड़ता है.

Is Oneness the Same as Enlightenment?

Spiritual Oneness की तरह ही enlightenment भी ऐसा एक टॉपिक है जिसके बारे में काफी लिखा और बोला गया है. अगर बात करे मेरे नजरिये की ये दोनों एक ही है तो हाँ बिलकुल ! ये एक ही है. Enlightenment वर्ड का इस्तेमाल करना इतना ज्यादा suitable नहीं है क्यों की ये काफी चीजो को involve करता है और loaded feel होता है.

यहाँ पर Oneness and wholeness शब्द हमारे अनुभव के ज्यादा करीब महसूस होता है. आसान शब्दों में समझे तो existence as humans दो चीजो पर टिका हुआ है humanity AND divinity और ये दोनों ही हमारे अस्तित्व को बनाए रखती है. Spiritual journey सिर्फ धीरे धीरे बढ़ने का ही नाम नहीं है बल्कि कई बार हमें घटना भी पड़ता है.

हमें अपने अन्दर के Dark world को फेस करना पड़ता है और खुद की पहचान के लिए संघर्ष भी करना पड़ता है.

How to Experience Spiritual Oneness and Wholeness

इसके अनुभव से पहले आपको एक बात अच्छे से जान लेनी चाहिए की Enlightenment or oneness or wholeness जैसी अवस्था आसानी से हासिल नहीं की जा सकती है. इसका अनुभव आपको कैसे होता है ये निर्भर करता है आपके खुद के विवेक पर. Online course में दावा किया जाता है कम दिनों में अनुभव करवाने का लेकिन ऐसा वास्तव में कुछ नहीं होता है.

ऐसे कई टूल्स है जो आगे बढ़ने में आपकी मदद कर सकते है लेकिन मेहनत आपको ही करनी होगी और इसके लिए कोई शॉर्टकट नहीं है.

Meditation and mindfulness

आज के समय में meditation and mindfulness को पूरी तरह मार्किट किया जा चूका है. जगह जगह Online Course मिल रहे है लेकिन इसका मतलब ये नहीं की helpful नहीं है.

समय के साथ Modern meditation technique में इजाफा हुआ है और बदलाव हुए है लेकिन आज भी  Vipassana (thought awareness) and Anapanasati (breathing awareness) meditation जैसी ध्यान की विधि काफी कारगर अभ्यास है. ये अभ्यास हमें direct insight into the nature of mind को समझने में मदद करता है.

इसके अलावा access to the experience of oneness के लिए Mindfulness भी काफी कारगर अभ्यास है. इसका Simple meaning है सिर्फ वर्तमान में खुद को बनाए रखना. यहाँ पर माइंड को कम महत्त्व देते हुए हम वर्तमान की स्थिति में खुद को बनाए रखने पर ज्यादा महत्त्व देते है.

इसे सीधे शब्दों में thought of mindlessness (without the negative connotations) के रूप में भी समझा जा सकता है यानि खुद को विचारो से रहित बना लेना. इन 2 तकनीक से बहुत सारे glimpses of peace and inner wholeness को अनुभव किया जा सकता है.

Solitary nature immersion

Accessing a state of wholeness and Spiritual Oneness के लिए दिन का एक हिस्सा सबसे दूर सिर्फ प्रकृति के साथ गुजारना चाहिए. हमें अपने brain को इस तरह train कर लेना चाहिए की passive form of meditation की तरह ये हो. ऐसा करना हमारे soul को न सिर्फ पोषित करता है बल्कि Inner peace को हासिल करने में भी मदद करता है.

जब भी हम खुद को पार्क जैसी जगह में पेड़ पौधों के बिच पाते है हमारा brain शांत होता है और विचार बेहद कम होते है. ये एक अहसास है की हम अपने आसपास की चीजो के साथ खुद को एक या जुड़ा हुआ महसूस कर रहे है. Nature immersion एक तरह से उन लोगो के लिए powerful practice है जो Mental and physical alignment की problem से जूझ रहे है.

Inner work that focuses on integration

वैसे तो Integration की बहुत सारी forms है लेकिन उनमे से ज्यादातर exploring, accepting पर फोकस नहीं करती है. जब ऐसा नहीं होता है तो हम repressed and rejected parts यानि मन में दबी हुई कुछ भावनाओ को सही से explore नहीं कर पाते है. हालाँकि ये तरीका स्लो हो सकता है लेकिन इसके रिजल्ट बेहद गहरे मिलते है.

कोई भी शॉर्टकट आपको Spirituality में आगे नहीं ले जा सकता है लेकिन लगातार की गई मेहनत से आप glimpse of oneness and wholeness को हासिल कर सकते है. आपको सिर्फ और सिर्फ unconscious conscious यानि चेतना के सबसे उपरी स्तर तक पहुंचना होता है. इस बारे में बेहद गहराई से जुड़ी एक बात सामने आती है की

Wholeness is not achieved by cutting off a portion of one’s being, but by integration of the contraries

हम इस अवस्था को किसी भी पार्ट्स को छोड़कर हासिल नहीं कर सकते है. आपको इसके लिए खुद को पूरी तरह एक साथ लेकर चलना होगा और खुद को psychological balance के लिए develop करना होगा. जब ऐसा होगा सिर्फ तभी हम authentic spiritual oneness का अनुभव कर पाएंगे. इसके लिए Shadow work and Inner child work इसके बारे में हम पहले ही बात कर चुके है.

REAL Self-love, compassion, and acceptance

True love एक most expansive feeling and reality है जिसका अनुभव हर कोई नहीं कर सकता है. जब हम गहराई से किसी को लव करते है हर तरह के बंधन को तोड़ दिया जाता है. हर वो limit जो हमें अपने तक सिमित रखती है वो टूट जाती है. जब किसी को लेकर कोई गलत भावना मन में नहीं होती है और सिर्फ प्यार होता है तब हम Oneness experience करते है क्यों की तब हम सबको एक ही नजरिये से न सिर्फ देखते है बल्कि भावना भी रखते है.

एक इन्सान होने के नाते spiritual experience हमारे लिए अनिवार्य है लेकिन ये ज्यादा या कम हो सकता है क्यों हमारा खुद के साथ complex relationship जुड़ा हुआ है. कभी हम खुद को परफेक्ट समझते है तो कभी कभी हमें लगता है की हम कुछ भी नहीं है.

अगर एक बार हम nature of our minds को समझ लेते है तो हमारे लिए real self love को समझना बेहद आसान हो जाता है साथ ही खुद को ज्यादा से ज्यादा कैसे समझे ये जानना आसान हो जाता है.

अगर आप Spiritual path पर आगे बढ़ना चाहते है तो आपके अन्दर ये quality होना बेहद जरुरी है. इसके बगैर आप experience of wholeness and oneness को पूरी तरह अनुभव करने के बारे में सोच भी नहीं सकते है.

How to achieve Spiritual Oneness final wordSpiritual Oneness

दोस्तों spiritual journey के लिए आपका wholeness and oneness को समझना बेहद जरुरी है. इसके बगैर आप आगे बढ़ने की कल्पना भी नही कर सकते है और जब तक आपके अन्दर एक भी उलझन रहेगी आप एक भाव को अपना नहीं सकते है. ये एक गहरा अनुभव है जिसके बाद आपके लिए आगे बढ़ना आसान हो जाता है.

अगर आप खुद को आगे बढ़ाना चाहते है तो Mindfulness and vipasnna जैसी meditation technique के जरिये आगे बढ़ने की कोशिश करे. ये बेहद पुरानी मगर प्रभावी तकनीक है जो आपके अभ्यास और अनुभव को काफी आगे तक ले जा सकती है.

Article credit source : Lonerwolf 

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