blue fire यानि शरीर में अग्नि तत्व के जागरण की ये सच्ची कहानिया आपको हैरत में डाल सकती है

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दोस्तों हमारे अंदर 5 तत्व है. ये तो सब जानते है और हम उन्हें एक सीमा तक बढ़ा भी सकते है। और इन 5 में से एक तत्व हर इंसान के अंदर हमेशा दूसरे तत्व से ज्यादा जाग्रत रहता है। ये बिलकुल आपके औरा और आपकी प्रकृति की तरह है इसका तरीका भी आपको जल्द बताया जायेगा। जिससे आप खुद पता कर सकते है की कोनसा तत्व आपके अंदर सबसे ज्यादा जाग्रत है। how to balance agni tatv in hindi यानि शरीर में अग्नि तत्व का जागरण कैसे करे.

balance agni tatv

आइए देखते है की पांच तत्व कैसे हमें प्रभावित करते है और इनमे से balance agni tatv कैसे संभव करे। कुछ लोगो के अंदर अग्नि तत्व के अचानक जागरण होने के कई मामले सामने आये है और आश्चर्य की बात ये है की उनमे से कोई भी ध्यान या किसी तरह की साधना नहीं करता था.बस जागरण से कुछ क्षण पहले अहसास हुआ और सब ख़त्म। अभी तक जितने भी केस आये किसी में भी इस पर नियंत्रण नहीं था।

पंचतत्व और हमारा व्यव्हार – balance agni tatv

  1. जल तत्व : जल तत्व जिनके अंदर ज्यादा जाग्रत है वो इंसान चन्द्रमा की किरणों से प्रभावित होता है ऐसा इंसान भावुक भी होता है और सबसे ज्यादा पूनम के चाँद से प्रभावित होता है।
  2. अग्नि तत्व :अग्नि तत्व जिस इंसान में जाग्रत रहता है उसके अंदर खून की मात्रा ज्यादा रहती है। और उनका रंग गोरा और लाली लिए हुए होता है। ऐसा इंसान जल्दी गुस्सा होने वाला होता है।
  3. वायु तत्व :वायु तत्व जिस इंसान में होता है वो ज्यादा चंचल होता है और ऐसे इंसान जल्दी ही किसी की बात पर भरोसा करने वाले होते है।
  4. पृथ्वी तत्व :पृथ्वी तत्व वाले इंसान ज्यादा गम्भीर और अपने बातो पर टिके रहने वाले होते है। ये लोग धरती से ज्यादा से ज्यादा ऊर्जा सोखते है खासतौर से जब शवासन में हो।
  5. आकाश या शुन्य तत्व :आकाश तत्व जिस इंसान में ज्यादा से ज्यादा जाग्रत होता है वो इंसान बचपन से ही शांत और अलौकिक होता है इनमे कुछ खास शक्ति भी होती है जो दूसरों को उनकी तरफ आकर्षित करती है। फिर चाहे वो कैसे भी हो।

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आपने पढ़ा है की इंसान में ये तत्व कैसे एक दूसरे से ज्यादा जाग्रत होते है। अब बात करते है अग्नि तत्व की।

blue fire – balance agni tatv

अग्नि तत्व ऐसा तत्व है जो इंसान को अधीर और गुस्से वाला बनाता है ऐसे इंसान हमेशा जल्दबाजी में रहते है। लेकिन क्या अपने सुना है BLUE FIRE के बारे में. आज हम अग्नि तत्व की बात करते हुए बता दे की साइंस में इसे BLUE FIRE कहते है। ऐसा इसलिए क्यों की इसका रंग लाल नहीं नीला होता है।
balance agni tatv – अग्नि तत्व : प्रकृति –

  1. शरीर में निरन्तर बहने वाली नीले रंग की ऊर्जा।
  2. तापमान – सामान्य अग्नि के उच्च्तम तापमान से 100 गुना ज्यादा।

fact :

  • इतने ज्यादा तापमान के बावजूद जलने का कोई अहसास नहीं होता है।
  • जलने पर बू नहीं भीनी भीनी खुशबु आती है। ( ये उन लोगो का अनुभव है जो मौके पर पहुँचते है )
  • आसपास उस अग्नि का कोई नामो-निशान नहीं मिलता है न ही कोई नुकसान क्यों की इतनी प्रचण्ड होने के बावजूद ये फैलती नहीं है।

इसको रोके जाने का कोई उपाय आज तक नहीं मिला है न ही अग्नि के जागरण के लक्षण को पहचाना गया है। इसलिए ये आज तक अनसुलझे रहस्य में गिना जाता है।

balance agni tatv के पौराणिक कहानी में जिक्र :

आपने पौराणिक कार्यक्रम देखे होंगे जिसमे ऋषि मुनि खुद को भस्म कर लेते है ये वही ऊर्जा है जिसे कुण्डलिनी ऊर्जा भी कहा जाता है। इसके बारे में कहा गया है की हर ऋषि मुनि इसे अपने इच्छामृत्यु के लिए जाग्रत करते है।

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balance agni tatv के कुछ केस

  1.  पिछले साल सितम्बर के महीने में ये केस Irish की सुर्खियों में था जिसमे एक इंसान जिसका सर इसके धड़ के पास पड़ा था और शरीर जला हुआ था लेकिन कही भी आग लगने के कोई निशान नहीं थे। इसके आसपास की जमीन थोड़ी काली हो गई थी पर और कुछ निशान नहीं मिले।
  2. ये केस भी पहले केस की तरह था लंदन के एक घर में जॉन अपने छत की सीढ़ी पर बैठा था और उदास लग रहा था घर वालो ने जब बात की तो उसने सिर्फ इतना बोला था की वो मरने वाला है लेकिन घर वालो ने उसकी बात को मजाक में टाल दिया कुछ देर बाद घरवालों ने देखा की जॉन का शरीर एक तेज नीले रंग की रौशनी से घिरा हुआ है और उसके मुंह पर कोई शिकन कोई दर्द का निशान नहीं था। घर वाले कुछ कर पाते इससे पहले ही वो राख बन गया था। और वहां के वातावरण में भीनी भीनी खुशबू फैली हुई थी।
  3. ब्रिटेन के एक घर में एक आदमी रहता था उसके घर वाले नहीं थे सिर्फ एक आया जो घर की देखभाल करती थी। एक सुबह जब वो आई तब घर में कही नहीं दिखा जब उसके रूम की तलाशी ली गई तो वहां बिस्तर के ऊपर राख मिली और पुरे कमरे में भीनी भीनी महक फैली हुई थी।
  4. दुनिया की नजर में सार्वजानिक रूप से शरीर के जलने का केस POLONUS VORSTIUS का है जो 1400 वी शताब्दी के अंत में शराब और औरतो का शौक़ीन था. एक रात को ज्यादा मात्रा में शराब का सेवन करने के बाद वो उसे हजम नहीं कर पाया। वहां खड़े लोगो ने बताया की अचानक से वो आग की उल्टी करने लग गया और कुछ ही देर बाद उसका शरीर आग में घिर गया। वहां खड़े लोगो ने वो शराब पी लेकिन किसी को कुछ भी शिकायत नहीं मिली।
  5. 1967 में इंग्लैंड की बात है एक बस में यात्रा करने वाले ने एक घर की खिड़की में नीली आग को देखा। जब वो वहां गए तो उन्होंने वहां Robert Francis Bailey को पाया जो एक बेघर था।
  6. Jack Angel जो की बार बार जलने की वजह से हॉस्पिटल जा चुके थे। ने अपने WATER HEATER के MANUFACTURER पर 3 मिलियन डॉलर का केस कर दिया. उनके अनुसार जब भी वो पानी गर्म करने के लिए HEATER के पास जाते है वो जलने लगते है। इसकी पुष्टि के लिए जब डॉक्टर को बुलाया गया तब पाया गया की आग बाहर से नहीं लगी थी शरीर के अंदर से बाहर निकल रही है। जिसके बाद jack ने अपना बयान बदल दिया . और बाद में इस घटना को अनसुलझे रहस्य को बेच दिया.

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तो दोस्तों उम्मीद करता हु आपको आज का लेख balance agni tatv पसंद आया होगा. आज का लेख अनसुलझे रहस्य में से लिया गया है जिसमे और विस्तृत से जानकारी दी गई है। कृपया उसे भी पढ़े और रोमांच को खुद महसूस करे।

लेख के ऊपर आपके विचार आमंत्रित है कमेंट के माध्यम से अपने सुझाव और विचार दे।

source : वेबसाइट, आर्टिकल, और अध्ययन। धन्यवाद

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