क्या आप भी side effect of tratak से परेशान है ? सही शुरुआत और solution करने के लिए आसान tips follow करे

क्या आप भी side effect of tratak से परेशान है ? सही शुरुआत और solution करने के लिए आसान tips follow करे

अति हर अभ्यास में बुरी होती है. अभ्यास चाहे कैसा भी हो सहज होना चाहिए. अगर किसी अभ्यास को बिना किसी सही सलाह के जबरदस्ती किया जाए तो उसके फायदे मिलने की बजाय नुकसान मिलने लगते है. एक और जहाँ त्राटक के फायदे इतने ज्यादा है की ध्यान की तुलना में लोगो द्वारा इसे ज्यादा पसंद किया जा रहा है वही जबरदस्ती करने से होने वाले त्राटक के नुकसान भी कम नहीं है. side effect of tratak या फिर tratak meditation dangers without master guide कुछ ऐसे नुकसान है जो इसका अभ्यास बिना किसी सही सलाह के करने से मिलते है.

बहुत सारे लोग त्राटक से मिलने वाले फायदे के बारे में सुनते है और कम समय में ज्यादा लाभ पाने के लिए इसका जबरदस्ती अभ्यास करने लगते है. कुछ समय बाद ही उन्हें इसके परिणाम दिखने भी लगते है लेकिन किसी तरह से जबरदस्ती वो इसे करते रहते है जिसके परिणामस्वरूप जल्दी ही उन्हें इसके शारीरिक और मानसिक नुकसान देखने पड़ते है.

side effect of tratak

हम सभी जानते है की त्राटक एक ऐसा माध्यम है जिसके जरिये हम अपनी psychic powers को activate कर सकते है. tratak meditation physical, psychological and spiritual तीनो स्तर पर हमारे development में सहायक है. लेकिन इसका मतलब ये नहीं की हम side effect of tratak को ignore कर दे. किसी भी अभ्यास में अगर अनगिनत फायदे है तो कुछ side effect या फिर dangers भी है. आज की पोस्ट में इस बारे में detail से बात करते है.

इस पोस्ट में हम बात करने वाले है त्राटक से मिलने वाले मुख्य फायदे के बारे में, ये हमारा तीनो स्तर पर विकास कैसे करता है और साथ ही जबरदस्ती करने पर होने वाले नुकसान के बारे में भी.

Side effect of Tratak in Hindi

त्राटक के नुकसान क्या है, और किस तरह हमारे ऊपर negative effect डालते है ? इस बारे में आपको जान लेना बहुत जरुरी है क्यों की अभ्यास के दौरान ही हमें कुछ ऐसे symptom मिलने शुरू हो जाते है. इन symptom को समझ कर हम आसानी से पहले ही इसका solution कर सकते है.

अगर इसके बाद भी जबरदस्ती अभ्यास को आगे बढाया जाता है तो हमें त्राटक के दुष्परिणाम झेलने पड़ सकते है. इन में आँखों का दिखाई देने की क्षमता पर असर पड़ना, मानसिक तनाव और भी कई ऐसे नुकसान है जो हम पर बुरा असर डालते है.

किसी भी अभ्यास को जबरदस्ती नहीं करना चाहिए. ये बात सही है की त्राटक से मिलने वाले फायदे इसे सबसे खास बनाते है. इसकी वजह से हर कोई इस अभ्यास को करना चाहता है. बिंदु त्राटक से की गई त्राटक की शुरुआत सबसे अच्छी मानी जाती है लेकिन, दीपक त्राटक से शुरुआत करने लगते है. इसकी वजह है कम time में ज्यादा फायदा.

दीपक त्राटक या किसी तरह का flame light gazing meditation जिसमे हमें काफी देर तक light को देखना होता है. ऐसा करना हमारे आँखों और बुरा असर डाल सकती है. कभी भी light या flame को काफी देर तक नहीं देखते रहना चाहिए. त्राटक के अभ्यास को हम सहजता से तभी कर सकते है जब इसका अभ्यास steps में किया जाए.

बिना किसी master guide के या फिर जबरदस्ती अभ्यास और भी सीधा candle or lamp flame पर आपके लिए नुकसानदायक हो सकता है. side effect of tratak बड़े नुकसान नहीं है बल्कि छोटी बातो को ध्यान में न रखने की वजह से मिलने वाले negative effect है जो आगे चलकर tratak meditation dangers में बदल जाते है.

Benefit of Tratak Meditation in Hindi

सही शुरुआत के साथ किया गया त्राटक का अभ्यास आपको त्राटक में काफी आगे तक ले जा सकता है. त्राटक के फायदे अनगिनत है जिन्हें शारीरक और मानसिक के साथ आध्यात्मिक विकास के साथ जोड़ा जा सकता है. इस बात में कोई शक नहीं की त्राटक का अभ्यास एक ऐसा अभ्यास है जो physical, psychological as well as spiritual benefit में सबसे best practice है.

त्राटक से मिलने वाले फायदों को अगर इन तीनो स्तर पर बांटे तो हम पाएंगे की इसके निम्न फायदे है.

शारीरिक स्तर पर मिलने वाले फायदे
  • देखने की क्षमता में सुधार –better eyesight
  • आकर्षक व्यक्तित्व में सुधार – personality development
  • आँखों में तेज जो सबको अपनी और आकर्षित करने के लिए काफी है.
  • लोगो को सुनने और उन्हें समझने में सहायक है.
  • रचनाशील बन जाना यानि सोचने के तरीके में बदलाव और बेहतर सोचना.
  • बेहतर फोकस क्षमता में सुधार होना.
मानसिक स्तर पर मिलने वाले फायदे
  • सम्मोहन शक्ति का विकास – hypnotic power in eyes and body language.
  • बेहतर सोचने की क्षमता में सुधार – intuition power & sixth sense development.
  • इच्छा-शक्ति और आत्मविश्वास में सुधार – willpower & self confidence enhancement.
  • अवचेतन मन की शक्तियों को आसानी से जाग्रत करना.
tratak meditation benefit at spiritual level
  • अपने अंतर्मन से जुड़ने का सबसे बेहतर अभ्यास है त्राटक.
  • विषयों से विरक्त होना और सबको एक तरह से मानने लगना.
  • बहुत ज्यादा sensitive बना देना ताकि हम किसी को भी आसानी से समझ सके.
  • आध्यात्मिक दुनिया के रहस्यों को सहजता से समझने में सहायक.
  • त्राटक चक्र जागरण में भी सहायक है.

त्राटक से जब इतने सारे फायदे मिलते है और वो बेहद कम समय में ही तो जाहिर है की कोई भी इस अभ्यास को करने को तैयार हो जाए. इसके सही फायदे हमें तभी मिलते है जब इसे स्तर के हिसाब से सहजता के साथ किया जाए.

अगर किसी अभ्यास के लिए हम शारीरिक और मानसिक स्तर पर तैयार ही नहीं है और अभ्यास करना शुरू कर देते है तो उसके negative effect मिलना नार्मल है. किसी भी अभ्यास के लिए पूर्व तैयारी बेहद मायने रखती है. इसके बारे में डिटेल से हम त्राटक के साथ किये जाने वाले अभ्यास  की पोस्ट में बात कर चुके है.

side effect of tratak आखिर क्यों हम fail हो जाते है ?

हम जो अभ्यास कर रहे है हमें उसके बारे में जब तक बेसिक पता न हो उसे समझा नहीं जा सकता है. आज जिसे भी पूछो उसे त्राटक के बारे में सिर्फ इतना ही पता है की किसी एक पॉइंट पर देखते रहे तो त्राटक होता है. ये तो सिर्फ एक निर्देश है इसके अलावा भी कई निर्देश है. जो आपके उद्देश्य के हिसाब से अलग अलग है.

आप क्या सोचते है त्राटक क्या है ? अगर इस बात को समझ लिया तो यकीन मानिये आपमें से ज्यादातर लोग कभी भी त्राटक में असफल नहीं होंगे और न ही कभी किसी तरह के side effect of tratak का शिकार होंगे. त्राटक में fail होने या फिर इसके negative effect experience करने की सबसे बड़ी वजह है लोगो को इसका एक ही पहलू पता होना.

लोग सोचते है की किसी भी पॉइंट को बस देखते रहो त्राटक कहलायेगा. जितनी ज्यादा देर तक देखेंगे उतना ही ज्यादा फायदा मिलेगा. 90% लोग यही से fail हो जाते है. वास्तव में

“त्राटक का मतलब सिर्फ ज्यादा देर तक देखना नहीं है. ये तो एक स्वभाविक सी क्रिया है जो अपने आप हमारे अन्दर विकसित होने लगती है. त्राटक का असली महत्व है जितनी देर हम देखते है उतनी देर हम अन्दर की ओर एकाग्र रहे.”

हम सिर्फ देखने में फोकस रहते है और जबरदस्ती gazing process को लम्बा खींचने की कोशिश करते है जो की आगे चलकर side effect of tratak में बदल जाती है. सिर्फ देखना काफी नहीं है एकाग्र होना भी इसके साथ साथ होना चाहिए. इसलिए आपको यही सलाह दूंगा की त्राटक के साथ किये जाने वाले अभ्यास के बारे में भी आप जाने.

त्राटक के नुकसान – side effect of tratak

ये वास्तव में हमारी आंतरिक अवस्थाओ में बदलाव है जिन्हें समझे बगैर आगे बढ़ना मुश्किल है. अगर शुरू में ही हम अनचाहे बदलाव जो की हमारे जबरदस्ती अभ्यास करने की वजह से मिलते है समझ ले तो इसे टाला जा सकता है. इससे पहले की ये side effect of tratak में बदले हमें इन्हें समझकर आगे अभ्यास में बदलाव लाना चाहिए.

त्राटक के अलग अलग स्तर और अभ्यास में काफी सारे नियम और सावधानिया है. फिर भी अगर सामान्य औपचारिकता या यूँ कहे नियम ना निभाए जाये तो समस्या आ सकती है side effect of tratak mean जो परिणाम हमें चाहिए वो ना मिलकर अनचाहे परिणाम मिलना.

त्राटक के नुकसान में हमें कई सारी परेशानिया हो सकती है जो निचे विस्तार से शेयर की गई है. इनमे से कुछ परेशानी मुझे भी शुरू शुरू में experience करनी पड़ी थी और ऐसा होना normal है. अगर आपके साथ ऐसा कुछ हो रहा है तो भी इसे समझ कर आसानी से बदलाव कर सकते है.

#1. आँखों में लगातार पानी आना

त्राटक में सबसे पहले होने वाले बदलाव में से एक है आँखों से पानी आना. वैसे तो ये स्वभाविक प्रक्रिया है जो की लगातार लम्बे समय तक आंखे खुली रखने पर होती ही है. लेकिन, क्या होगा अगर अभ्यास के बाद भी दिनभर के कामो में हम आँखों में पानी और धुंधलापन महसूस करने लगे ?

ऐसा होने की 2 मुख्य वजह है

  • पहली त्राटक के अभ्यास में लम्बे समय तक जबरदस्ती gazing process को आगे बढ़ाना. शुरुआती समय में हम 5-10 सेकंड ही बिना पलक झपकाए देख सकते है लेकिन, जबरदस्ती कई देर तक जब आँखे पथराने लगती है उसके बावजूद भी हम बोर्ड के पॉइंट पर देखने लगते है.
  • दूसरा बिना शारीरिक और मानसिक स्तर पर तैयार हुए दीपक त्राटक जैसे माध्यम पर अभ्यास शुरू कर देना.

इनकी वजह से सिर्फ अभ्यास के दौरान ही नहीं बल्कि दिनभर के दुसरे कामो के दौरान भी watering or dryness in eyes जैसी समस्या से गुजरना पड़ता है. जबरदस्ती अभ्यास को आगे बढाने की वजह से हमें इस side effect of tratak को गुजरना पड़ता है.

त्राटक के दौरान आँखों से पानी आने पर क्या करे ?

अगर ऐसा सिर्फ अभ्यास के दौरान होता है तो ये नार्मल क्रिया है लेकिन, दिनभर के कामो के दौरान भी आपको आँखों ले लगातार पानी आना, आँखे सूखी और पथराई लगने लगे तो इस तरह के उपाय के द्वारा आप इनसे छुटकारा पा सकते है.

  • त्राटक के अभ्यास के बाद हमेशा आँखों को ठन्डे पानी से धोना न भूले.
  • अगर आँखे पथराई हुई महसूस होती है तो गुलाबजल से आँखे धोए इससे आँखों की नमी बनी रहती है.
  • अगर शुरू से ही दीपक त्राटक का अभ्यास कर रहे तो इसे छोड़ दे या फिर कम समय तक करने की कोशिश करे.
  • त्राटक की सही शुरुआत करे जो की बिंदु त्राटक से और कम समय से शुरू की जाती है.

त्राटक का अभ्यास शुरू में कम समय से करे ताकि आप खुद को शारीरिक और मानसिक स्तर पर तैयार कर सके.

#2. आँखों में जलन रहना

त्राटक से सम्मोहन शक्ति मिलती है. ये बात 100% सच है और यही एक वजह ज्यादातर लोगो को इसकी और आकर्षित करती है. दीपक या मोमबत्ती पर किया गया त्राटक हमारी आँखों में सम्मोहन शक्ति और तेज पैदा करता है. वास्तव में ये शक्ति हमारी अपनी प्राण उर्जा ही होती है.

लेकिन क्या होगा अगर शुरुआत ही हम दीपक त्राटक से कर ले वो भी बिना किसी तरह की पूर्व तैयारी के. दीपक त्राटक हमारे अन्दर गर्मी पैदा करता है जिसकी वजह से हमें अपने अन्दर उर्जा का स्तर बढ़ता हुआ महसूस होने लगता है. कई बार इसकी वजह से हमें त्राटक के अभ्यास की वजह के बाद आँखों में जलन जैसी समस्या होने लगती है.

आँखों में जलन होनेकी वजह कुछ भी हो सकती है जैसे की

  • बिना किसी पूर्व तैयारी के सीधे ही दीपक त्राटक या किसी भी रौशनी वाले माध्यम पर त्राटक का अभ्यास करना.
  • रौशनी वाले माध्यम पर त्राटक शुरू में कम से कम करना चाहिए लेकिन इस बात का ध्यान न रखते हुए जबरदस्ती अभ्यास करते जाना.
  • त्राटक के बाद आँखों को न धोना, साथ में किये जाने वाले कुछ जरुरी अभ्यास को follow न कर पाना.

इन वजह से आँखों में जलन रहने लगती है या फिर आँखे अपनी नमी खो देती है. इस समस्या से बचने के लिए आप उन पॉइंट्स पर गौर करे जिसकी वजह से आँखों में जलन होने लगती है.

इसके समाधान के लिए इन tips को follow करे

  • अभ्यास कम समय के लिए करना शुरू कर दे और जबरदस्ती आँखे खुली न रखे.
  • आँखों में जलन से निजात पाने के लिए आँखों में गुलाबजल डाले.

#3. side effect of tratak – माथे में खिंचाव

त्राटक के अभ्यास में आगे बढ़ने के साथ साथ हमें और भी कई side effect of tratak से सामना करना पड़ता है जो की समय के साथ आसानी से कण्ट्रोल किये जा सकते है. त्राटक का अभ्यास करने के 15-20 दिन बाद हम माथे में खिंचाव को महसूस करने लगते है.

इस बदलाव को लेकर काफी सारे prediction किये जा सकते है जैसे की

  • एकाग्रता का एक जगह फोकस होने की वजह से वहा पर स्पंदन.
  • तीसरे नेत्र या आज्ञा चक्र का जागरण होना शुरू हो जाना.
  • अंतर की यात्रा का पहला चरण शुरू होना.
  • energy का त्राटक की वजह से आज्ञा चक्र पर एकत्रित हो जाना.

ये सारी प्रेडिक्शन अलग अलग जगह और अनुभव के आधार पर ली हुई है. सबसे पहले तो ये जानते है की ये हमें प्रभावित कैसे करती है. माथे में खिंचाव की वजह से हम खुद में काफी सारे बदलाव महूस करने लगते है जैसे की frustration, loneliness feeling, किसी से बात न करने का मन करना, बार बार माथे में खिंचाव की वजह से अलग थलग पड़ जाना.

माथे में खिचाव का सही समाधान

अगर आप त्राटक के अभ्यास की वजह से माथे में खिंचाव महसूस करते है तो इस छोटे से उपाय को अपनाए. ये उपाय 100% working formula है जो आपके suggestion पर काम करता है.

जब भी माथे में खिंचाव महसूस हो आँखे बंद कर ले. सांसो पर कण्ट्रोल करे और भावना दे की मेरा मन शांत हो रहा है. इस वाक्य को एक से दो मिनट तक दोहराने के बाद आप पाएंगे की आपके माथे का खिंचाव दूर हो रहा है और आप शांत स्थिर बन रहे है.

इस अभ्यास से आपकी willpower भी strong होती है.

#4. सूरज की रोशनी में आँखों में चुभन

tratak meditation practice की वजह से हमारी आँखों में कुछ ऐसी problems हो सकती है. जब हम daily routine में हमें unstable बनाती है. सूरज की रौशनी में आँखों में चुभन होना इसमें से एक है. कई बार ये इतना ज्यादा होता है की हम बाहर रौशनी में खुद को असहज महसूस करने लगते है.

इसकी वजह आपका त्राटक का अभ्यास हो सकता है. त्राटक कृत्रिम रौशनी में किया जाता है जिसकी वजह से हमारी आँखे उस माहौल में ढल जाती है. जब ऐसा होता है तब तेज रौशनी से आँखों में चुभन होना स्वभाविक हो सकता है. लेकिन, अगर ऐसा ज्यादा हो जाए तो त्राटक के अभ्यास में बदलाव लाए.

अभ्यास के साथ साथ सुबह गार्डन में घूमते समय पेड़ पौधों पर त्राटक का अभ्यास करना शुरू कर दे. इस तरह के side effect of tratak meditation के solution के लिए पेड़ पौधों पर त्राटक करना आपको काफी आराम तो देता ही है साथ ही रौशनी के अनुकूल भी.

#5. side effect of tratak – unstable energy level change in body

ये आपके चेतन मन से अवचेतन मन की अवस्था में परिवर्तन का संकेत है. आपकी आदते अचानक से बदलने लगती है. अगर आप ज्यादा बोलते या चंचल थे तो अब खुद को स्थिर शांत महसूस करने लगेंगे. कम बोलने की वजह से प्राण का आपके अंदर आवेग बढ़ता है जिसकी वजह सेआपको उष्णता का अहसास होने लगता है.

ये ज्यादा बड़ी प्रॉब्लम नहीं है लेकिन अगर सही समय पर समाधान न हो तो हम त्राटक में भटक सकते है. न्यास ध्यान और योगनिद्रा का अभ्यास आपको इस तरह की unstable energy level को stabilize करने में help करेगा.

अगर इस तरह की energy से आप खुद को बदला हुआ महसूस करने लगे जैसे की शांत रहने की बजाय जल्दी गुस्सा आ जाना, हरपल अपने अन्दर एक गर्मी को महसूस करना या फिर स्वभाव में कठोरता आने लगे तो आपको ध्यान देने की जरुरत है. आप चाहे तो इस दौरान energy को दुसरे कामो में ला सकते है जैसे की सम्मोहन में, हीलिंग में या फिर आध्यात्मिक स्तर के त्राटक अभ्यास.

#6. मन की गहराई में डूबे रहना

त्राटक के अभ्यास में हमें काफी सारे आध्यात्मिक बदलाव मिलते है. जब हम अंतर की यात्रा के प्रारम्भिक चरण में होते है तब शांत और स्थिर हो जाना एक सामान्य बात है. त्राटक का अभ्यास हमारे मन पर बहुत गहरा असर डालता है जिसकी वजह से हम विचारो में भटके रहने की बजाय बेहद शांत होने लगते है.

हालाँकि ये एक अच्छा बदलाव है लेकिन कई बार side effect of tratak में बदल जाता है जिसकी वजह से हम जरुरत से ज्यादा शांत हो जाते है. किसी से बात करने का भी मन नहीं होता है. दिनभर लोगो के बात करने की बजाय या तो खुद के कम में डूबे रहना या फिर एकांत में रहना पसंद करते है.

जब भी कोई बात करता है हमें अच्छा नहीं लगता है. अगर आपके साथ भी ऐसा हो रहा है जिसकी वजह से आप परेशान हो रहे है तो परेशान न हो क्यों की आध्यत्मिक होने की आपकी शुरुआत का ये पहला चरण है. इस अवस्था में हमें काफी सारे फायदे तो मिलते है लेकिन एकांत में रहने और कम से कम बोलने की वजह से कई बार तकलीफ भी सकती है. इसके लिए आप इन tips को follow करे जो sure benefit देंगे.

  • दोस्तों के साथ घुमने की आदत बनाए.
  • डायरी लिखने की आदत बनाए और उसमे खुद के अन्दर के बदलाव को नोट करे साथ ही उन्हें कैसे अपने फायदे में बदले ये भी.
  • लोगो को सुनने के साथ उन्हें सुझाव भी दे.
  • आप चाहे तो अपनों के साथ बैठकर अपने बारे में राय और सुझाव मांग सकते है.

#7. धुंधलापन दिखाई देना

जैसे ही हम किसी चीज को देखते है हमें सिर्फ धुंधला दिखाई देने लगता है. आसपास की चीजे साफ नहीं दिखती है स्पष्ट रूप से और हमारी नजर एक पॉइंट पर ही फोकस रहने लगती है. हम सूरज की रोशनी में निकलने में परेशानी महसूस करने लगते है. हमें अँधेरे जगह पर ज्यादा रहना पसंद होने लगता है.

त्राटक करने के बाद हम चिड़चिड़े भी होने लगते है. अकेले रहना इसमें शामिल है. ये समस्या तभी आती है जब हम त्राटक को सही तरीके से नहीं करते है. या फिर हमारे उद्देश्य के अनुरूप नहीं करते है.

धुंधलापन किसी तरह का side effect of tratak नहीं है. आँखों की सही देखभाल के जरिये हम इसका समाधान कर सकते है. सभी त्राटक का अभ्यास एक ही तरीके से और एक समय पर किया जाए जरुरी नहीं. आप किस त्राटक का अभ्यास कर रहे है उसके अनुरूप ही खुद को न सिर्फ शारीरिक बल्कि मानसिक स्तर पर भी तैयार करे.

शुरुआती साधक के लिए सावधानी और टिप्स

अगर आप side effect of tratak से बचना चाहते है तो बिना किसी सही जानकारी के कोई अभ्यास न करे. हालाँकि त्राटक का अभ्यास बिना किसी गुरु या guide के भी घर पर किया जा सकता है लेकिन बेहतर होगा की आप निचे दिए tips को follow करे. इससे आप सही शुरुआत तो करेंगे ही साथ ही त्राटक नुकसान से भी बचेंगे.

  • त्राटक का अभ्यास चरण में करे. कम time में ज्यादा benefit के चक्कर में advance tratak meditation practice करने से बचे.
  • शुरुआत में अभ्यास को ज्यादा से ज्यादा 10 या 15 मिनट तक ही सिमित रखे.
  • हमेशा अभ्यास के बाद ठन्डे पानी या फिर गुलाबजल से आँखों को धोना न भूले.
  • कोशिश करे की त्राटक का अभ्यास हमेशा सुबह ही हो वो भी सूर्योदय से पहले.
  • त्राटक के लिए शांत माहौल का चुनाव करे ताकि किसी तरह के side effect of tratak को पैदा करने वाली condition न बने.
  • अभ्यास को रेगुलर बेस पर करे.
  • त्राटक के साथ किये जाने वाले अभ्यास को भी करना न भूले. इससे आपको double benefit मिलने के चांस बढ़ जाते है.

त्राटक का अभ्यास हमेशा बिना किसी लालच के करे. खुद में विकास के उदेश्य से करे न की दुसरो के और अपने स्वार्थ पुरे करने के लिए. इससे आप जितना सोचकर चलेंगे उससे कही ज्यादा पाएंगे.

side effect of tratak conclusion

त्राटक साधना यानि tratak meditation practice एक बेहद अच्छा और सहज अभ्यास है. हम हर स्तर पर खुद के लिए प्रयोग कर सकते है. त्राटक से सम्मोहन शक्ति पाने के चक्कर में लोग अक्सर side effect of tratak का शिकार हो जाते है. इन negative effect का solution वक़्त रहते किया जा सकता है.

जब भी आपको त्राटक के अभ्यास में कुछ अनचाहे बदलाव महसूस होने लगे तो ऊपर दिए गए सुझाव को अपनाए. इससे आप अभ्यास में आने वाली समस्या का समाधान अपने स्तर पर सकते है. साथ ही एक बेहतर शुरुआत कर सकते है. उम्मीद करता हूँ त्राटक से जुड़े मेरे अपने अनुभव आपको आगे बढ़ने में help करेंगे.

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42 thoughts on “क्या आप भी side effect of tratak से परेशान है ? सही शुरुआत और solution करने के लिए आसान tips follow करे”

  1. त्राटक के उद्देश्य के हिसाब से त्राटक के साथ किये जाने वाले दूसरे अभ्यास के विषय में आपने कौन सी पोस्ट पे बताया है ? कृपया जानकारी दें ।।

      • Sir,
        बिंदु त्राटक साधना के लिए बिंदु किस साइज़ का उपयुक्त रहेगा ।।

        • सर बिंदु त्राटक के लिए सामान्य साइज 1 रुपये के सिक्के जितना है लेकिन ये निर्भर करता है आप इससे कितना दूर बैठे है। सामान्य दुरी 1 हाथ जितनी है जिसमे रुपये के आकर का बिंदु काफी है कही कही चवन्नी के आकार का भी सही है।

        • काली मिर्च के दाने के बराबर बिंदु होना चाहिए

    • गलत चीज किस तरह की दिखाई दे रही है सर थोडा क्लियर करे क्यों की इस त्राटक में
      1. >> मोमबत्ती पर त्राटक करते टाइम हमें आसपास की चीजे धुंधली दिखाई दे सकती है.
      2. >> इस वक़्त आपका अवचेतन मन जाग्रत होने लगता है जिसकी वजह से आपके मन की कल्पना आपको सामने दिखाई देने लगता है.
      अगर आपको लगता है की आपका अनुभव इन से अलग है तो आप हमें थोड़ा क्लियर कर बताए ताकि हम आपकी समस्या का सही समाधान कर सके.

  2. कुमार सर दीपक त्राटक से आखों की रोशनी कम या आखों की कोई परेशानी होने का खतरा तो नही है ना और आपने बताया कि त्राटक के साथ कुछ और अभ्यास भी जरूरी हैं यह कौन से अभ्यास हैं कृपया इसकी जानकारी दें
    और सर सबसे बडी बात सर मैं रात्रि मे घर देरी से आता हूँ जिसकी वजह से त्राटक मध्य रात्रि मे करता हूँ १२:३० के बाद क्या यह समय उचित है ।
    सर अन्तिम सवाल यह है आपने कहा जितना सामान्य तरीके से आखों को चलने दे जबरदस्ती नहीं करनी वैसे में तो सर फिर देर तक एक टक देख ही नहीं पायेंगे इस पर भी जानकारी दें क्योंकि मैं जब त्राटक करता हूँ आखों को जब तक पानी आना शुरू ना हो खोल के रखता हूँ

    • 1.) अगर दीपक त्राटक करने के बाद दिन की दूसरी गतिविधियों में आपको कोई दिक्कत नहीं होती है जैसे की पढना, धुप में निकलना जिसमे अचानक से कम और तेज रौशनी वाली जगह में आपको आँखों से देखने में समस्या ना हो तो दीपक त्राटक से कोई नुकसान नहीं है.

      2.)दीपक त्राटक या अन्य किसी भी त्राटक साधना के साथ किये जाने वाले अभ्यास के लिए ये पोस्ट पढ़े त्राटक के साथ इन खास अभ्यास को करने से मिलता है दोगुना लाभ

      3.) दीपक त्राटक रात्री में कर सकते है अगर उसके बाद आपको सोने में कोई परेशानी ना होती हो तो, क्यों की अक्सर रात्री में त्राटक करने पर नींद नहीं आ पाती है. सुबह सूर्योदय से पहले सबसे अच्छा अभ्यास किया जा सकता है.
      4.) कोई समस्या नहीं है की आप आँखों को कितनी देर खुली रख पाते है, आपको इस बात पर भी ध्यान देना चाहिए की इस दौरान आप एकाग्र हुए है या आपका सारा ध्यान आँखे खुली रखने पर ही है. त्राटक में आँखे खुली रखना महत्वपूर्ण नहीं है महत्वपूर्ण है इस दौरान आप कितने एकाग्र हुए है.

  3. muze tratak start karake 5 din ho gaye hai…muze -4 ka spect hai…mai spect ko hatane ke liye tratak abhyas kar rahi hu …lekin muze 2 dinse subah uthate hi dhudhala dikhai de raha hai aur ankhe dry dry lagati hai…aisa lagta hai jaise spect ka no. badh raha ho…kya galat hai meri study me

  4. अगर त्राटक करते वक्त खांसी या छींक आये तो क्या करे ?

    • कोई फर्क नहीं पड़ता है. आपको बेकार के विचारो में नहीं पड़ना चाहिए.

  5. Sir mere glass ka no -4 hai Aur mai iss glass se paresan ho gaya hu please mere liye kon sa tratak acha rahega jisse glass Jaldi hat jaye.sir please…. Mujhe Jaldi bataye .please…..

    • सुबह सुबह गार्डन में नंगे पाव चले और बगैर चश्मे के thumb gazing का अभ्यास करे कुछ समय बाद फायदा मिलना शुरू हो जायेगा.

  6. मेने पहले2 महीने तक त्राटक किआ था फिर मेरा अभीभी सिर दर्द करता है कभी कभी और ध्यान पता नही कहा रहता है कोई बात करता है तो ध्यान नही दे पाता क्लास में बभी मन नही लगता ।। कोई अब में क्या करूँ

    • आपने अभ्यास को बिच में छोड़ दिया था इस वजह से ऐसा हो सकता है क्यों की आपके अभ्यास अच्छे से आगे बढ़ रहे थे. आप अब वापस इसे धीरे धीरे करे कुछ समय के बाद सही हो जायेगा.

    • ऐसा नहीं है. हाँ अगर आप गलत त्राटक या अभ्यास करते है तो आपको इसके साइड इफ़ेक्ट झेलने पड़ सकते है. जैसे की सीधे ही सूर्य तत्राटक, दर्पण और दीपक त्राटक करना

  7. Sir agar me tratak karu mombatti par to meri ankhe kamjor to nhi hongi
    Muze chasma laga hai use utarne k liye m kar sakta hu n tratak mombatti wala karu ya bindu wala karu sirr jisse mera chasma jaldi hat jaye sirr plzzz bato…????

    • tratak से पहले आप thumb gazing का अभ्यास करे. इससे eye sight मजबूत बनने लगेगी और त्राटक में हेल्प मिलेगी.

  8. Sir ye janna tha ki mera eyesight no. 6 saal phle 0.25 thi ab ye badkr 1.0 ho chuki hai..maine aakho k liye bht kuch kiya hai bt success nahi ho paya, point pr aate huye ye janna chaunga ki tratak krte time kitni der tk bindu ko dekhna chahiye aur agr pani aaye to iska mtlb aankho pr jor padne se to nahi ya phir aankho me normally tratak se pani aata hi hai..thoda gyan de..aur kitni der tak krna chahiye..aur iske baad aankho me dard hona bhi natural hai kya…plz batayen.

    • त्राटक में आँखों में पानी आना normal है लेकीन जब इसका इफ़ेक्ट दिन में भी दिखाई देने लगे और कई दिन बीत जाने के बाद भी प्रॉब्लम बनी रहे तब आपको इसके सही गाइड की जरुरत है. जहाँ टाक बात है कितनी देर तक बिंदु को देखे तो आपको इसे करके महसूस करना होगा. सभी का ये अलग अलग होता है.

  9. I am doing tratak from last 7 days , i felt many changes but i had to leave tratak due to some reasons but after leaving it I am feeling too much heaviness in my forehead and introvertness………any opinion???

  10. m 5 dino se pratibimb tratak kar raha hu mujhe achchha feel ho raha h .maine isee se suruat ki h kya m bindu tratak suru karu ya ise hi karta rahu

    • अगर आपको कोई प्रॉब्लम नहीं हो रही है तो आप कर सकते है, बिंदु त्राटक शुरुआत में करवाया जाता है ताकि आँखों की तकलीफ कम हो जाए

    • आप त्राटक कर सकते है अगर इससे आपकी आँखों में प्रॉब्लम न हो, अगर किसी तरह की प्रॉब्लम हो तो न करे.

  11. Sir mujhe chasma Laga huva he jo 2.0 ka he kya me Bindu tratak kar sakti hu mujhe thik se dur ka dikhai bhi nhi deta he
    Please reply

    • चश्मे के साथ त्राटक कर सकते है अगर आपकी आँखों पर इसका कोई बुरा परिणाम न पड़ रहा हो.

  12. सर नमस्कार, मै नेपाल से हुँ और त्राटक के बारेमें सर्च करते हुये यहाँतक आया, सर आपने यह तो बताया कि त्राटक से चश्माका पावर उतर सकता हे, मै चश्मा लगाता हुँ और मेरा चश्माका पावर -14 Right & -10 Left हे, मेरा प्रश्न ये हे कि मै चश्मा लगाकर त्राटक करुँ या बिना चश्मों के, कृपया शिघ्र उत्तर कि अपेक्षा करता हुँ। धन्यावाद!!!

    • jitendra ji apka chashma agar dur ka h to aap bina chashme ke kar sakte h agar apko pas me dekhne me koi problem nahi ho rhi h to, salah dunga ki ap shuruart thumb gazing se kare jo ki ek achhi practice h

    • ऐसा आपका वहम हो सकता है सर या फिर आपके देखने के तरीके में अगर एक आँख पर फोकस करोगे तो ऐसा हो सकता है क्यों की आंखे खुली रखने से ऐसा हो सकता है.

    • अगर आप मोमबत्ती पर पहली बार में ही अभ्यास करते है तो आँखों में समस्या होने की सम्भावना हो सकती है. अगर सहजता से कर पाओ तो कर सकते हो एक बार त्राटक के side effect वाली पोस्ट जरुर पढ़ लेना.

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