सम्मोहन कला में माहिर बना देगा अगर शक्ति चक्र पर इस तरीके से अभ्यास किया गया तो – secret tips

सम्मोहन कला में माहिर बना देगा अगर शक्ति चक्र पर इस तरीके से अभ्यास किया गया तो – secret tips

shakti chakra tratak in Hindi त्राटक में सबसे powerful माना जाता है. इसका reason है इसका महत्व जो की कई त्राटक में किया जाता है. शक्ति चक्र पर नियमित त्राटक से बिंदु त्राटक, mirror tratak और candle tratak का benefit एक साथ मिल जाता है। शक्ति चक्र त्राटक करने से पहले हमें सुबह उठ कर नियमित क्रियाकलाप से निपट कर आसन ग्रहण कर पहले साँस की गति को नियमित करना चाहिए. shakti chakra sadhna Hindi me की इस पोस्ट में बात करने वाले है american and Greek पद्धति से बने shakti chakra ki और किस त्राटक बोर्ड की HD image किस अभ्यास में काम आती है हमें कौनसा board use करना चाहिए. शक्ति चक्र त्राटक को अलग बनाने वाले है benefit of shakti chakra tratak. आइये जानते है.

shakti chakra tratak
इससे त्राटक में सुविधा होती है. इसके बाद बिना किसी दबाव के सामान्य त्राटक की भाति shakti chakra tratak पर practice करना चाहिए. शक्ति चक्र का अभ्यास morning में करना अच्छा रहता है. क्योकि इस time मन में ज्यादा thoughts नहीं होते है. इस वजह से मन को स्थिर करने में वक़्त नहीं लगता है।

पढ़े : त्राटक के लिए खुद को कैसे तैयार करे

shakti chakra tratak इतना खास क्यों है ?

सब के मन में अक्सर ये सवाल रहता है की में कौनसा त्राटक करू जिससे मुझे जल्दी benefit हो और अच्छा result मिले। shakti chakra tratak इन सवाल का जवाब है क्यों की ये tratak ना सिर्फ spiritual है बल्कि simple और effective भी। लेकिन ये इतना सुगम भी नहीं की आपने सोचा और हो गया। इसके लिए संयम और निरंतर अभ्यास की जरुरत होती है।

अगर आपमें दोनों ही बाते है तो आप इसे कर सकते है ये न सिर्फ आपको benefit of tratak देगा बल्कि दर्पण त्राटक और दीपक त्राटक दोनों त्राटक के बराबर लाभ देता है। आमतौर पर माना गया है की बिंदु त्राटक मन को शांत करने और enter in tratak का माध्यम है.

वही दूसरी ओर दीपक और दर्पण दोनों tratak में subconscious mind की power को activate किया जाता है। शक्ति चक्र tratak का importance इन वजह से इसे special बनाता है।

shakti chakra tratak का उद्भव :

शक्ति चक्र भी त्राटक का एक हिस्सा है जिसके लिए भारतीय इतिहास पुरे विश्व में पूजनीय है। जब ज्ञान का प्रसार होना शुरू हुआ तो ये विद्या भारत से बाहर गई और वहां के लोगो ने इसमें थोड़ा बहुत बदलाव कर इससे अलग बना दिया था। जैसे की शक्ति चक्र का निर्माण जो अमेरिका जैसे पूर्वी देशो में घूमते हुए बोर्ड पर निर्मित किया जाता है।

ऐसा इसलिए ताकि हम मन को ज्यादा से ज्यादा विपरीत परिस्थिति में संतुलित रख सके।

shakti chakra tratak kriya करते वक़्त एक अनुभव के अनुसार हम किसी के सामने बैठ कर दूसरी जगह को महसूस कर सकते है। वहां की गतिविधि को देख सकते है। और दोनों जगह ही सही तरह से काम कर सकते है।

दूसरे अनुभव के अनुसार जो की एक विद्यार्थी का था उसने क्लास में रहते हुए ना सिर्फ बाहर मैदान की गतिविधि को महसूस किया बल्कि क्लास में जो बोला गया उसे भी सुना गया। दूसरे शब्दो में कहा जाये तो अपने चेतन मन से क्लास में और अवचेतन मन को बाहर दूसरी जगह भेज पाना संभव है।

आमतौर पर जब ये होता है तब हम खोये हुए मिलते है। लेकिन इस अवस्था में हम सामान्य रहकर काम में लगे रहते है।

shakti chakra tratak किस बोर्ड पर करे अभ्यास

शक्ति चक्र त्राटक को 2 मुख्य तरीको से किया जाता है और दोनों ही तरीके अपने आप में नायाब है. ज्यादातर लोग पूछते भी है की किस बोर्ड पर हमें ज्यादा अनुभव और परिणाम मिलेंगे ? इसका जवाब कोई और नहीं बल्कि आप खुद जानते है. अभ्यास करने वाले साधक को पता होता है की उसके लिए क्या सही है और जब वो अभ्यास शुरू करता है तब उसे अहसास होता है की किस अभ्यास में उसे क्या अनुभव मिल रहा है.

शक्ति चक्र की 2 मुख्य पद्धति है;

  • अमेरिकन यानि पाश्चात्य शक्ति चक्र
  • दूसरा ग्रीक पद्धति

दोनों पर अभ्यास किया जा सकता है और ज्यादातर अनुभव समान ही मिलते है. फर्क सिर्फ एकाग्रता का है. माध्यम जैसा होता है उसका परिणाम भी उसी के अनुसार होता है. अमेरिकन पद्धति में shakti chakra tratak साधना करना चाहते है तो आप पाएंगे की जो केंद्र है वहां से सुनहला प्रकाश धीरे धीरे सभ पंखुड़ी पर फैलता जा रहा है. कभी कभी हमें ये घूमता हुआ भी महसूस होता है.

इसका घुमाव दोनों तरफ होता है निर्भर करता है आप किस तरफ घुमने वाली पंखुड़ी पर अभ्यास कर रहे है.

ग्रीक पद्धति आसान है और इसमें जल्दी ही हम एकाग्र होने लगते है. इस त्राटक में महत्वपूर्ण पड़ाव है शक्ति चक्र में कम्पन का जिसमे हम खुद को मानसिक बल द्वारा शांत और स्थिर बनाने की कोशिश करते है. शक्ति चक्र साधना जितनी आसान सुनने को मिलती है असल में उतनी होती नहीं है.

बाकि दुसरे त्राटक की तुलना में इस त्राटक में मानसिक उर्जा का क्षय बहुत ज्यादा मात्रा में होता है. अगर जबरदस्ती अभ्यास में बैठे रहते है तो आप कुछ समय बाद ही मानसिक थकावट महसूस करने लगते है. कई बार इस थकावट का असर हमारे दिनभर के कामो पर भी देखा गया है. ( ये मेरे अपने अनुभव है आपके इससे भिन्न हो सकते है )

निचे दोनों ही तरह के शक्ति चक्र की बढ़िया से बढ़िया फोटो शेयर की जा रही है. आप जिस माध्यम का चुनाव करना चाहे कर सकते है लेकिन, कोशिश करे की शक्ति चक्र का निर्माण हाथो से किया जाए.

shakti chakra board image

 

shakti chakra tratak पर अभ्यास :-

shakti chakra tratak पर अभ्यास simple tratak की भांति करते है. लेकिन इस अभ्यास में feeling भी दी जाती है, जैसे की में शक्ति चक्र पर अभ्यास कर रहा हु और मेरा मन zero thought हो रहा है. इस तरह का अभ्यास हमारे मन को विचार शुन्य बनता है. जिससे मन बिलकुल हल्का महसूस होने लगता है।

  • अभ्यास करते करते जब हमें शक्ति चक्र काले रंग की बजाय चमकता लगने लगे तब हमारी self-confidence बढ़ने लगती है. और शक्ति चक्र काले रंग की बजाय bright दीखता है।
  • कुछ दिन के अभ्यास के बाद ये अवस्था प्राप्त की जाती है. जब अभ्यास करते करते कुछ दिन हो जाते है तब शक्ति चक्र में vibration होने लगता है. ये इसलिए होता है क्यों की हमारा अवचेतन मन जाग्रत होने लगता है।
  • इसे हम mental thought feeling देकर स्थिर करना चाहिए. इस वक़्त स्थिर मन से हमें अभ्यास करना चाहिए जैसे की शक्ति चक्र की स्तिथि बदलने या फिर हिलने डुलने पर मन को शांत कर फिर अभ्यास करना चाहिए.

कुछ दिन बाद ये स्थिति सुधर जाती है और शक्ति चक्र स्थिर हो जाता है। इससे अभ्यास में आगे बढ़ते रहने पर हम कुछ ऐसे दृश्य दीखते है जिन्हे हम नहीं देखते पर स्वपन में अवचेतन मन ने उन्हें महसूस किया होता है।

शक्ति चक्र पर अभ्यास अगर बना रहता है, तो हम शक्ति चक्र को काले रंग से अन्य रंग में बदलता देख सकते है. ये सब रंग बदलना हमारी आत्मशक्ति और इच्छाशक्ति पर निर्भर करता है. क्यों की इन दोनों शक्ति का विकास होता है।

इन्हे activate कर hypnotism की stage लायी जा सकती है. जैसे की मात्र भावना देने से शरीर का relax हो जाना और मन का stress दूर हो जाना. attractive बनना और भी बहुत कुछ।

shakti chakra tratak sadhna में आपको क्या क्या अनुभव मिल सकते है

अगर 3 महीने के अभ्यास की बात करे तो ऐसे कई सारे अनुभव है जो हमें मिल सकते है. शुरू से शुरुआत करते है.

सबसे पहले तो जब अभ्यास करते हुए कुछ दिन बीत जाते है तब हमें शक्ति चक्र का केंद्र सुनहले प्रकाश से ढकता हुआ महसूस होने लगता है. ये सुनहली किरन और कुछ नहीं बल्कि हमारा अपना आत्मविश्वास है.

इससे आगे बढ़ने पर आपको शक्ति चक्र में कम्पन महसूस हो सकता है. जिन लोगो का मन चंचल होता है उन्हें शक्ति चक्र में कम्पन होता हुआ ज्यादा महसूस होता है. अगर आपके साथ ऐसा हो तो आपको मन को स्थिर रखने की जरुरत है. इसके बारे में भी आप डिटेल से पढ़ सकते है.

जैसे जैसे अभ्यास में आगे बढ़ते है कम्पन होना बंद हो जाता है साथ ही मस्तिष्क में चलने वाले विचार भी. इस समय आप चाहे कितनी भी देर बैठो आपको थकावट का अहसास नहीं होगा क्यों की अपना चंचल मन अब स्थिर और शांत हो चूका है. इस वजह से बैठे बैठे आपको शक्ति चक्र की जगह कुछ घूमते हुए दृश्य जैसे की आप कही जा रहे हो या फिर आपके साथ के बिताए गए किसी पल.

ज्यादातर जो आपकी अवचेतन मन में दबी हुई कल्पना होती है वो सामने दिखाई देती है. कुछ लोग इसे सफलता का प्रतिक मान लेते है लेकिन ऐसा करना सही नहीं है. कई बार इस स्थिति में हम अपनी ही कल्पना में फंस जाते है और हमें लगता है की अभ्यास सफल हो गया है. अभ्यास के पूर्ण होने से पहले कुछ समस्या आती है और ये उसी का चरण है.

इसके आगे चलकर आपको त्राटक केंद्र जो की काले रंग का था उसकी जगह पर नील, पीले या लाल या फिर बेंगनी कलर की रौशनी दिखाई देने लगती है. ऐसा होना आपके औरा से भी जुड़ा हो सकता है. हम सभी का व्यव्हार जब बदलता है तब औरा का रंग भी बदलता है. बोर्ड पर अलग अलग केंद्र की जगह की रौशनी को देखना आप इस पोस्ट के जरिये ज्यादा अच्छे से समझ सकते है. अनुभव और औरा का कलर बदलना  

shakti chakra tratak कब करना चाहिए

tratak on shakti chakra बिंदु त्राटक के बाद करना चाहिए। अक्सर सबके मन में ये सवाल होता है How to do tratak जिससे हमें सही फायदे भी मिले और त्राटक की शक्ति भी लंबे समय तक बनी रहे। बिंदु त्राटक हमारे मस्तिष्क और मन को साधता है। इसलिए जब भी tratak on shakti chakra करे बिंदु त्राटक इससे एक महीना पहले तक जरूर कर ले ताकि आपका मन ज्यादा से ज्यादा स्थिर रह सके।

NOTE :- शक्ति चक्र पर अभ्यास कम से कम 3 महीने तक करना चाहिए. इससे अभ्यास बना रहता है. और किसी अनुभव में हमें ज्यादा वक़्त नहीं लगता है।

shakti chakra tratak sadhna से जुड़े मेरे अपने वास्तविक अनुभव

इस बारे में अलग से पोस्ट डाली जा चुकी है. शक्ति चक्र त्राटक की साधना से मुझे काफी सारे अनुभव सीखने को मिले. इसमें सबसे ज्यादा अहम् था मेरा पढ़ाई में अव्वल हो जाना. त्राटक के अभ्यास के बाद से मैंने पढाई में काफी सुधार कर लिया और ज्यादा से ज्यादा पढ़ाई में वक़्त बिताने लगा.

ये शायद त्राटक के अभ्यास की वजह से अंतर्मुखी स्वभाव बन जाने की वजह से हुआ होगा. लेकिन मुझे इसमें काफी सारे परिणाम मिले. पढ़ाई के अलावा में दुसरो के बिच आकर्षण का केंद्र बन चूका था. लड़के और लड़कियां अब मुझसे पढाई में भी help लेने लग गए थे. सबकी तरह मुझे भी त्राटक में कुछ बुरे परिणाम देखने पड़े थे जो मेरी अपनी गलती थी.

त्राटक की साधना के दौरान ही मैंने आकर्षण और सम्मोहन शक्ति का गलत इस्तेमाल कर लिया था जिसकी वजह से मुझे इस अभ्यास को कुछ समय के लिए रोक देना पड़ा. हम सभी सुनते है की अभ्यास का गलत प्रयोग नहीं करना चाहिए. इसकी वजह है आपका अन्दर से आत्मग्लानी से भर जाना जिसका बाद में कोई इलाज नहीं.

हम बाहरी दोष से लड़ सकते है लेकिन अपने अन्दर के दोष को ख़त्म करने में वक़्त लग जाता है. यही वजह हो सकती है की मुझे इसके बाद काफी समय लगा था सामान्य होने में. अगर आप उसके बारे में डिटेल से जानना चाहते है तो इस पोस्ट को पढ़ सकते है. त्राटक से जुड़े मेरे वास्तविक अनुभव.

शक्ति चक्र त्राटक साधना – अंतिम शब्द

Trataka की हर पोस्ट में कोशिश की जाती है की सच्चे और जीवन के अनुभव ही लिखे पर ऐसा करना आपको गुमराह करना भी साबित हो सकता है। ऐसा इसलिए क्यों की अनुभव बताना आपको मन में एक पूर्व धारणा बनाने को मजबूर कर देता है। इसलिए खुद के अनुभव को महसूस करना ज्यादा बेहतर है। आपके मार्गदर्शन के लिए यहाँ बहुत सी जानकारिया दे दी जाती है। फिर भी आपका कोई सवाल कोई विचार हो तो आप कमेंट और इनबॉक्स में भी पूछ सकते है।

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2 thoughts on “सम्मोहन कला में माहिर बना देगा अगर शक्ति चक्र पर इस तरीके से अभ्यास किया गया तो – secret tips”

  1. Main bindu tratak 2 mahine se kar raha huin lakin koi fayeda abhi tak nahi mahsus kar raha huin or na hi aankhon ki roshni tej ho rahi hai aankhon main hamesha doundlapan rahta hai or maan bhi shant nahi hua hai ab tak koi upay batane ki kripa kijye thaki main shahi se tratak kar sakun or iska jayda se jayda fayda uta sakun
    Jabab ke intezar main

    • abhay ji apne tratak ko galat tarike se karne ki koshish ki hogi jaise ki jyada se jyada ektak dekhne ki koshish na ki man ko shant karne ki ya focus karne ki. aap post ko sahi se padhe or fir se abhyas kare taki apko sahi result mile.

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